बाराबंकी: जनपद में गंभीर अपराधों के दोषियों को सजा दिलाने के लिए चलाए जा रहे ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत बाराबंकी पुलिस को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। कोतवाली नगर क्षेत्र में हत्या के मामले में विशेष एससी-एसटी न्यायालय ने तीन अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास और प्रत्येक पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है। पुलिस अधीक्षक रवीना त्यागी के निर्देशन में मॉनीटरिंग सेल और अभियोजन पक्ष की प्रभावी पैरवी को इस कार्रवाई में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
पुलिस के अनुसार, 27 मई 2025 को वादी राकेश कुमार पुत्र भुवाल ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके पुत्र मोनू को अभियुक्तों ने छत से नीचे फेंक दिया, जिससे उसकी मृत्यु हो गई। मामले में कोतवाली नगर थाने में मुकदमा संख्या 528/2025 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) और एससी-एसटी अधिनियम की धारा 3(2)(V) में मुकदमा दर्ज किया गया था।
इस मामले में महताब पुत्र इस्तियाक निवासी सिविल लाइन, आकिब पुत्र फिरोज निवासी काशीराम कॉलोनी तथा मोहम्मद निहाल पुत्र नूर मोहम्मद निवासी काशीराम कॉलोनी को दोषी ठहराया गया। तत्कालीन विवेचक थानाध्यक्ष दामित्रसेन रावत ने साक्ष्य संकलित कर विवेचना पूरी की और न्यायालय में आरोपपत्र प्रस्तुत किया।
पुलिस के अनुसार, ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत मॉनीटरिंग सेल, पैरोकार और अभियोजन पक्ष ने प्रभावी पैरवी करते हुए महत्वपूर्ण गवाहों को न्यायालय में प्रस्तुत कराया। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि गंभीर अपराधों में दोषियों को सजा दिलाने और न्याय व्यवस्था के प्रति जनता का विश्वास मजबूत करने के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा।




